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Security system: अमरनाथ यात्रा मार्ग ‘नो फ्लाइंग जोन’ घोषित, 58 हजार जवानों की तैनाती

अमरनाथ यात्रा मार्ग 'नो फ्लाइंग जोन'

अब तक की सबसे कड़ी सुरक्षा व्यवस्था

Security system: श्रीनगर: अमरनाथ यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर सरकार ने इस वर्ष अभूतपूर्व कदम उठाते हुए पूरे यात्रा मार्ग को ‘नो फ्लाइंग जोन’ घोषित कर दिया है। यह फैसला पहलगाम हमले जैसे संभावित आतंकी खतरे को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।


🛰️ ड्रोन, UAV और गुब्बारों पर पाबंदी

1 जुलाई से 10 अगस्त तक अमरनाथ यात्रा के पहलगाम और बालटाल दोनों मार्गों पर किसी भी प्रकार के ड्रोन, अनमैन्ड एरियल व्हीकल (UAVs) या गुब्बारे उड़ाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
छूट केवल मेडिकल इवैक्यूएशन, आपदा प्रबंधन और सुरक्षाबलों की निगरानी उड़ानों को दी गई है, जिनके लिए अलग स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) जारी किया जाएगा।


🚶‍♂️ अमरनाथ यात्रा रूट्स की जानकारी

📍 1. पहलगाम रूट (अधिक सुरक्षित, लेकिन लंबा)

  • कुल दूरी: लगभग 36 किमी
  • प्रमुख पड़ाव:
    • चंदनवाड़ी (16 किमी)
    • पिस्सू टॉप → शेषनाग (9 किमी)
    • शेषनाग → पंचतरणी (14 किमी)
    • पंचतरणी → गुफा (6 किमी)
  • इस रास्ते में ज्यादा चढ़ाई नहीं, लेकिन 3 दिन लगते हैं।

📍 2. बालटाल रूट (कम दूरी, लेकिन खतरनाक चढ़ाई)

  • कुल दूरी: 14 किमी
  • एक दिन में दर्शन संभव, लेकिन रास्ता खतरनाक और कठिन।
  • बुजुर्गों और अस्वस्थ यात्रियों को इस मार्ग से परहेज करने की सलाह।

🪖 अब तक की सबसे बड़ी सुरक्षा तैनाती

  • 581 कंपनियां तैनात की जाएंगी – जिनमें लगभग 42,000 से 58,000 सुरक्षाबल शामिल होंगे।
  • पहले से मौजूद 156 कंपनियों के अतिरिक्त 425 नई कंपनियों को 10 जून तक जम्मू-कश्मीर में तैनात कर दिया गया है।
  • काफिले की सुरक्षा के लिए पहली बार जैमर सिस्टम का उपयोग किया जाएगा।

🧭 हाईटेक निगरानी और सख्त वेरिफिकेशन

  • यात्रा रूट पर ड्रोन, K9 डॉग यूनिट्स, बॉम्ब स्क्वॉड, और क्विक एक्शन टीमें तैनात रहेंगी।
  • श्रद्धालुओं को कंधे पर बैठाकर ले जाने वाले पोनी-पिट्ठू वालों का पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य किया गया है।
  • क्रिमिनल रिकॉर्ड वालों को सेवा की अनुमति नहीं होगी।
  • घोड़ों-खच्चरों की टैगिंग की गई है, जिससे वे ट्रैक हो सकें और रास्ता भटकने पर तुरंत लोकेशन मिल जाए।

📅 यात्रा कार्यक्रम

  • यात्रा अवधि: 3 जुलाई से 9 अगस्त 2025
  • सुरक्षा प्रतिबंध प्रभावी: 1 जुलाई से 10 अगस्त तक

📢 सरकार की अपील:

जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे यात्रा से पहले पंजीकरण, हेल्थ चेकअप और अनुमति पत्र अवश्य प्राप्त करें, और प्रशासन द्वारा निर्धारित मार्ग और दिशा-निर्देशों का पालन करें।

sabhar…

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