Budget: भोपाल। मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने विधानसभा में छठवीं बार राज्य का बजट पेश किया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में पेश इस बजट को “किसान और विकास केंद्रित” बताया गया है। बजट को पहले कैबिनेट की मंजूरी मिली, जिसके बाद इसे सदन में प्रस्तुत किया गया।
वित्त मंत्री ने अपने भाषण की शुरुआत करते हुए कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री के विकसित भारत के सपने को साकार करने वाला है और इसे पूरी तरह किसानों, युवाओं, महिलाओं और गरीबों को समर्पित किया गया है। इस वर्ष मध्य प्रदेश का पहला डिजिटल बजट भी पेश किया गया।
किसानों के लिए ऐतिहासिक प्रावधान
बजट में कृषि क्षेत्र के लिए 1.15 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। किसानों को 25 हजार करोड़ रुपये का अल्पकालीन ऋण उपलब्ध कराया जाएगा, जिसमें से 720 करोड़ रुपये ब्याज मुक्त ऋण सुविधा के लिए रखे गए हैं। भावांतर योजना के तहत 337 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। इसके साथ ही एक लाख सोलर सिंचाई पंप किसानों को देने की घोषणा की गई है। राज्य में 100 लाख हेक्टेयर सिंचाई क्षेत्र बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
महिलाओं और बेटियों को बड़ी राहत
लाड़ली बहना योजना के लिए 23,882 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिससे 1 करोड़ 25 लाख महिलाएं लाभान्वित होंगी। वहीं लाड़ली लक्ष्मी योजना के लिए 1,852 करोड़ रुपये रखे गए हैं। शहरों में 5,700 वर्किंग वूमन हॉस्टल बनाने का भी प्रस्ताव है।
शिक्षा और युवाओं पर फोकस
राज्य में 15 हजार शिक्षकों की भर्ती की जाएगी। छात्रवृत्ति के लिए 286 करोड़ रुपये और पीएम श्री योजना के लिए 530 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। 294 सांदीपनी स्कूल खोले जा रहे हैं और 4,000 सरदार पटेल कोचिंग सेंटर स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है।
पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन
पशुपालन के लिए 2,364 करोड़ और मछली उत्पादन के लिए 412 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। सरकार का लक्ष्य मध्य प्रदेश को देश की “मिल्क कैपिटल” बनाना है।
इंफ्रास्ट्रक्चर और जल योजनाएं
लोक निर्माण विभाग के लिए 12,690 करोड़ रुपये और सड़कों की मरम्मत के लिए 12,960 करोड़ रुपये रखे गए हैं। जल जीवन मिशन के लिए 4,454 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
नई आबकारी नीति 2026
कैबिनेट ने नई आबकारी नीति 2026 को मंजूरी दी है। इसके तहत कोई नई शराब दुकान नहीं खुलेगी, लाइसेंस का नवीनीकरण नहीं होगा और दुकानों के छोटे-छोटे समूह बनाए जाएंगे। ई-नीलामी 20 प्रतिशत अधिक दर पर होगी।
विपक्ष का विरोध
बजट से पहले नेता प्रतिपक्ष ओमकार सिंह मरकाम के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों ने गुल्लक लेकर विधानसभा में प्रदर्शन किया और सरकार पर खजाना खाली करने का आरोप लगाया। इस पर वित्त मंत्री ने कहा कि लिया गया कर्ज विकास के लिए निवेश है और राज्य अपनी क्षमता के भीतर ही उधारी ले रहा है।
सरकार का दावा
वित्त मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अगुवाई में यह बजट जनता को समर्पित है और 2026 को कृषि वर्ष के रूप में मनाते हुए किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया है।
साभार…
Leave a comment