वित्त विभाग के प्लान से 6% पीछे भत्ता, अप्रैल के वेतन से मिलेगा 58% डीए
Dearness allowance: भोपाल। मध्य प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को सातवें वेतनमान के तहत 64 प्रतिशत महंगाई भत्ता (डीए) पाने के लिए अभी और इंतजार करना पड़ सकता है। वित्त विभाग की पहले से घोषित योजना के बावजूद चालू वित्त वर्ष में 64 प्रतिशत डीए लागू होता नजर नहीं आ रहा है।
ताजा घोषणा के अनुसार राज्य सरकार ने महंगाई भत्ते में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है, जिससे यह 55 प्रतिशत से बढ़कर 58 प्रतिशत हो गया है। यह बढ़ा हुआ भत्ता अप्रैल के वेतन में जोड़ा जाएगा, जिसका भुगतान मई महीने में किया जाएगा। प्रदेश में करीब साढ़े सात लाख नियमित अधिकारी-कर्मचारी और लगभग साढ़े चार लाख पेंशनर्स को राज्य सरकार द्वारा महंगाई भत्ता और महंगाई राहत दी जाती है। इस तरह करीब 12 लाख कर्मचारियों और पेंशनर्स को बढ़ती महंगाई के बीच 64 प्रतिशत महंगाई भत्ता पाने के लिए अभी 4 से 6 महीने तक इंतजार करना पड़ सकता है।
केंद्र के फैसले के बाद भी मिलती है देरी
राज्य में महंगाई भत्ता आमतौर पर केंद्र सरकार के फैसले के कई महीने बाद लागू होता है। ताजा स्थिति में कर्मचारियों को केंद्र के फैसले के करीब 8 महीने बाद डीए दिया गया है। ऐसे में यदि केंद्र सरकार मार्च में फिर से डीए बढ़ाती है तो भी राज्य सरकार द्वारा इसे तुरंत लागू किए जाने की संभावना कम है।
वित्त विभाग का यह था प्लान
वित्त विभाग की योजना के अनुसार सातवें वेतनमान वाले कर्मचारियों को वर्ष 2025-26 में 31 मार्च 2026 तक 64 प्रतिशत महंगाई भत्ता दिया जाना था। इसके बाद वर्ष 2026-27 में 74 प्रतिशत, वर्ष 2027-28 में 84 प्रतिशत और वर्ष 2028-29 में 94 प्रतिशत तक भत्ता पहुंचाने की योजना बनाई गई थी। हालांकि वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह योजना पटरी से उतरती नजर आ रही है।
5वें और 6वें वेतनमान के लिए अलग योजना
वित्त विभाग ने यह भी कहा था कि जिन कर्मचारियों को छठवें और पांचवें वेतनमान के अनुसार वेतन मिलता है, उन्हें भी हर साल 10 प्रतिशत महंगाई भत्ता बढ़ाकर दिया जाएगा। वर्तमान में छठवें वेतनमान के कर्मचारियों को 252 प्रतिशत डीए मिल रहा है, जिसे होली के मौके पर मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा के बाद 255 प्रतिशत किया जाएगा।
इसी तरह पांचवें वेतनमान के कर्मचारियों को अभी 315 प्रतिशत महंगाई भत्ता दिया जा रहा है। आगामी वर्षों में इसे क्रमशः बढ़ाकर 325, 335 और 345 प्रतिशत तक पहुंचाने की योजना बनाई गई है।
कर्मचारी संगठनों ने जताई नाराजगी
मप्र तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के महामंत्री उमाशंकर तिवारी ने कहा कि सरकार ने वर्ष 2025-26 में 64 प्रतिशत महंगाई भत्ता देने की बात कही थी, लेकिन अभी तक केवल 58 प्रतिशत ही लागू किया गया है। इससे कर्मचारियों को करीब 6 प्रतिशत का नुकसान हो रहा है। उन्होंने मांग की है कि भविष्य में केंद्र सरकार द्वारा डीए बढ़ाने के तुरंत बाद राज्य सरकार भी इसे लागू करे, ताकि कर्मचारियों को समय पर राहत मिल सके।
Leave a comment