Friday , 1 May 2026
Home Uncategorized Lab: देश की हाई-सिक्योरिटी लैब का बनेगा राष्ट्रीय नेटवर्क
Uncategorized

Lab: देश की हाई-सिक्योरिटी लैब का बनेगा राष्ट्रीय नेटवर्क

देश की हाई-सिक्योरिटी लैब का

निहसाद भोपाल की पहल से बीएसएल-3 और बीएसएल-4 प्रयोगशालाएं होंगी आपस में जुड़ी

Lab: भोपाल। राजधानी स्थित राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग संस्थान (निहसाद) ने देशभर की उच्च जोखिम वाली रोगजनक प्रयोगशालाओं को जोड़ने के लिए एक राष्ट्रीय नेटवर्क बनाने की दिशा में काम शुरू कर दिया है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना का उद्देश्य देश की सबसे सुरक्षित प्रयोगशालाओं के बीच रियल-टाइम कनेक्टिविटी स्थापित करना है, ताकि किसी भी वायरस अटैक या महामारी की स्थिति में तुरंत और प्रभावी कार्रवाई की जा सके।


देश में केवल दो बीएसएल-4 लैब

भोपाल और पुणे में संचालित

वर्तमान में भारत में केवल दो कार्यात्मक बीएसएल-4 (बायो सेफ्टी लेवल-4) प्रयोगशालाएं हैं।

  • एक भोपाल के निहसाद में
  • दूसरी पुणे के राष्ट्रीय विषाणु विज्ञान संस्थान (NIV) में

इन लैब्स में इबोला, कांगो फीवर, बर्ड फ्लू जैसे अत्यंत खतरनाक वायरस पर शोध किया जाता है, जो तेजी से महामारी का रूप ले सकते हैं।

इसके अलावा देश में 30 से 40 बीएसएल-3 प्रयोगशालाएं हैं, जो एम्स, आईसीएमआर और विभिन्न पशु चिकित्सा संस्थानों में संचालित हो रही हैं। प्रस्तावित नेटवर्क इन सभी को एक ही डिजिटल और वैज्ञानिक प्लेटफार्म पर जोड़ेगा।


वन हेल्थ लक्ष्य को मिलेगा बल

इस नेटवर्क का प्रमुख उद्देश्य सभी प्रयोगशालाओं के डेटा को एक सूत्र में जोड़कर “वन हेल्थ” (मानव, पशु और पर्यावरण स्वास्थ्य) लक्ष्य को मजबूत करना है। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि किसी भी नए वायरस या संक्रमण की जानकारी तुरंत देशभर तक पहुंचे।


रियल-टाइम डेटा से रुकेगा महामारी का खतरा

इस नेटवर्क के सक्रिय होने के बाद खतरनाक वायरस और बैक्टीरिया से जुड़ा डेटा रियल-टाइम में साझा किया जा सकेगा। अक्सर देखा गया है कि डेटा साझा करने में देरी महामारी को फैलने का मौका दे देती है। नया तंत्र इस देरी को खत्म करेगा और समय रहते अलर्ट जारी किए जा सकेंगे।


जैविक सुरक्षा को मिलेगी मजबूती

निहसाद भोपाल के प्रोजेक्ट को-ऑर्डिनेटर डॉ. अश्विन अशोक राउत के अनुसार—

“इस परियोजना के जरिए हम देश की मौजूदा और आने वाली हाई-रिस्क लैब्स को एक राष्ट्रीय नेटवर्क में जोड़ रहे हैं। इससे जैविक सुरक्षा मजबूत होगी, शोध कार्य तेज होंगे और देश भविष्य की महामारी से निपटने के लिए तकनीकी रूप से तैयार रहेगा।”

साभार…

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Campaign: एचपीवी वैक्सीन में बैतूल 13 वें नंबर पर

राजगढ़ में 100 प्रतिशत, प्रदेश में आया अव्वल Campaign: बैतूल। सर्वाइकल कैंसर...

Helpline Issued: महंगी किताबों पर स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए हेल्पलाइन जारी

नए शिक्षा सत्र में अभिभावकों को राहत, शिकायत पर तुरंत होगी कार्रवाई...

Arrested: पानी की मोटर चोरी करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार

पुलिस ने चोरों से 1.20 लाख का मशरूका किया बरामद Arrested: आमला।...

Arrested: पानी की मोटर चोरी करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार

पुलिस ने चोरों से 1.20 लाख का मशरूका किया बरामद Arrested: आमला।...