Friday , 2 January 2026
Home Uncategorized Toll collection: अधूरी सड़क पर टोल वसूली का मुद्दा संसद तक पहुंचा, दिग्विजय सिंह ने गडकरी से मांगा जवाब
Uncategorized

Toll collection: अधूरी सड़क पर टोल वसूली का मुद्दा संसद तक पहुंचा, दिग्विजय सिंह ने गडकरी से मांगा जवाब

अधूरी सड़क पर टोल वसूली का

Toll collection: बैतूल/भोपाल। मध्य प्रदेश में बैतूल–भोपाल नेशनल हाईवे (NH-46) के अधूरे निर्माण के बावजूद टोल वसूली का मामला अब संसद तक पहुंच गया है। गुरुवार को राज्यसभा में कांग्रेस सांसद दिग्विजय सिंह ने यह मुद्दा उठाते हुए केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से जवाब मांगा। उन्होंने इसे जनता के साथ अन्याय बताया।

दिग्विजय सिंह ने कहा कि वे नितिन गडकरी को देश के सबसे प्रभावशाली और कुशल मंत्रियों में मानते हैं, लेकिन अधूरी और खराब सड़कों पर टोल वसूली किसी भी तरह उचित नहीं है। उन्होंने याद दिलाया कि मंत्री स्वयं बैतूल आकर सड़क की बदहाल स्थिति देख चुके हैं और अधिकारियों को फटकार भी लगा चुके हैं, फिर भी टोल वसूली बंद नहीं होना चिंता का विषय है।

कुंडी टोल प्लाजा पर विवाद

यह मामला शाहपुर के पास स्थित कुंडी टोल प्लाजा से जुड़ा है। बैतूल से इटारसी तक सड़क के कई हिस्सों में गड्ढे, अधूरा डामरीकरण और जारी निर्माण कार्य के कारण वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोग लंबे समय से टोल वसूली का विरोध कर रहे हैं।

7 साल बाद भी अधूरा फोरलेन

करीब 995 करोड़ रुपए की लागत से बन रही बैतूल–औबेदुल्लागंज फोरलेन सड़क का काम वर्ष 2017 में शुरू हुआ था, लेकिन सात साल बाद भी यह पूरा नहीं हो सका। ठेके की समय सीमा 2023 में समाप्त हो चुकी है, इसके बावजूद ठेका कंपनी को अब तक तीन बार एक्सटेंशन दिया जा चुका है।

सिंगल लेन और गहरे गड्ढों से खतरा

बरेठा घाट क्षेत्र अब भी सिंगल लेन है और मामला हाईकोर्ट में लंबित है। भौंरा से इटारसी तक सड़क कई जगह पूरी तरह क्षतिग्रस्त है, जहां 5-5 फीट चौड़े गड्ढे बने हुए हैं। इटारसी के पास भी सड़क सिंगल लेन में सिमटी हुई है।

बिना सुविधाओं के टोल वसूली

यात्रियों का आरोप है कि सड़क पर न तो पर्याप्त साइन बोर्ड हैं, न स्ट्रीट लाइट और न ही सर्विस रोड की व्यवस्था। शाहपुर, भौंरा और पाढर जैसे इलाकों में अंधेरे के कारण दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है।

विभागीय सूत्रों के अनुसार, बाघ कॉरिडोर के कारण करीब 21 किलोमीटर हिस्से में निर्माण कार्य रुका हुआ है। यह हिस्सा बागदेव से केसला, बरेठा घाट और भौंरा क्षेत्र के बीच पड़ता है। इसके बावजूद 21 मई 2025 से टोल वसूली शुरू कर दी गई, जिससे लोगों में भारी नाराजगी है।

नीति बदलाव की मांग

स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि जब तक सड़क पूरी तरह मानक ड्राइविंग गुणवत्ता के अनुरूप नहीं बन जाती, तब तक टोल वसूली पर रोक लगाई जाए। संसद में मुद्दा उठने के बाद अब केंद्र सरकार की ओर से स्पष्ट नीति बनने की उम्मीद जताई जा रही है।

साभार… 

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Harsh words: भाजपा के दिग्गज मंत्री के बिगड़े बोल

मीडियाकर्मी से मंत्री द्वारा की अभद्रता पर भाजपा की कार्यवाही का इंतजार...

Betulwani Exposed: कब होगी बैतूल पर नजरें इनायत रेलवे मंत्रालय की?

प्रदेश के अन्य जिलों में ट्रेनों के स्टापेज पर हो रहे आदेश...

Sign: प्रधानमंत्री मोदी की कलाई पर बंधा काला धागा: आस्था, साधना और सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक

Sign: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज विश्व के उन चुनिंदा नेताओं में शामिल...

Housefull: नए साल पर कान्हा टाइगर रिजर्व में सैलानियों की रिकॉर्ड भीड़

4 जनवरी तक जंगल सफारी हाउसफुल Housefull: मंडला। नए साल और शीतकालीन...